2210, 2017

Prem Mandir Vrindavan

प्रेम मंदिर वृंदावन
प्रेम मंदिर वृंदावन, जिला मथुरा, उत्तर प्रदेश में स्थित है। प्रेम मंदिर का निर्माण जगद्गुरु श्री कृपालु महाराज द्वारा भगवान कृष्ण और राधा रानी के मन्दिर के रूप में करवाया गया है। प्रेम मंदिर की सुन्दरता देखते ही बनती है यह इतना सुन्दर है के प्रेम मंदिर को देखते आप को मंदिर से प्रेम हो जायेगा। इसकी मनहोरता आप का मन मोह लेगी।

प्रेम मन्दिर का निर्माण कार्य जनवरी […]

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1110, 2017

Story of Diwali in Hindi

दीपावली कथा
दीपावली, भारत में हिन्दुओं द्वारा मनाया जाने वाला सबसे बड़ा त्योहार है। दीपों का खास पर्व होने के कारण इसे दीपावली या दिवाली नाम दिया गया है। कार्तिक माह की अमावस्या को मनाया जाने वाला यह महापर्व, काली अंधेरी रात को असंख्य दीपों की रौशनी से प्रकाशमय कर देता है। दिवाली को हर धर्म और सम्प्रदाय के लोग बढे धूमधाम से मानते है।

धर्म और सम्प्रदाय कोई भी हो मगर […]

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310, 2017

Karva Chauth Vrat Katha in Hindi

करवा चौथ व्रत
करवा चौथ का व्रत कार्तिक कृष्ण पक्ष के चतुर्थी तिथि को मनाया जाता है। यह व्रत सुहागिन स्त्रियाँ अपने पति की लम्बी उम्र के लिये करती हैं। यह व्रत सम्पूर्ण भारत वर्ष में बढे धूमधाम से मनाया जाता है।
करवा चौथ व्रत कथा / Karwa Chauth Vrat Katha
महिलाओं के अखंड सौभाग्य का प्रतीक करवा चौथ व्रत की कथा (Karwa Chautha Vrat Katha) इस प्रकार है। एक साहूकार के सात […]

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1409, 2017

Kusum Sarovar Govardhan

कुसुम वन सरोवर
कुसुम सरोवर एक एतिहासिक स्थान है जो गोवर्धन, जिला मथुरा, उत्तर प्रदेश में स्थित है। कुसुम वन सरोवर पवित्र गोवर्धन परिक्रमा मार्ग में स्थित है। यह गोवर्धन से लगभग 2 किलोमीटर की दूरी पर है।

यहां के प्राचीन सरोवर को मध्य प्रदेश के बुंदेला राजा वीरसिंह देव ने 17वीं शताब्दी में पक्का बनवाया था। तत्पश्चात् राजा सूरजमल ने इसका जीर्णोद्धार कराकर इसे भव्य सरोवर का स्वरूप प्रदान किया। सरोवर […]

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509, 2017

Pitari Paksha Shraadh from 5th September to 19th September 2017

श्राद्ध कर्म प्रारम्भ होने की तिथि 5 सितंबर 2017(मंगलवार) से 19 सितंबर 2017(मंगलवार)
यह पितृ पक्ष का समय पुरे वर्ष में सिर्फ एक बार आता है। यह पितरो की आराधना और पूजन तर्पण आदि करके पितरों की प्रसन्नता प्राप्ति हेतु उत्तम समय होता हैं। इस श्राद्ध पक्ष में सभी लोग यथाज्ञान पितरों को प्रसन्न करने हेतु प्रयास भी करते है। यह 16 दिवसीय महालय श्राद्ध पक्ष कहलाता है। इस समय में […]

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2808, 2017

Shri Radha Damodar Temple Vrindavan

श्रीराधादामोदर मन्दिर वृन्दावन
श्रीराधादामोदर मन्दिर की स्थापना रूप गोस्वामी के शिष्य जीव गोस्वामी ने संवत 1599 माघ शुक्ला दशमी तिथि को की थी। मंदिर में छह गोस्वामियों, रूप गोस्वामी, सनातन गोस्वामी, भक्त रघुनाथ, जीव गोस्वामी, गोपाल भट्ट और रघुनाथ दास ने अपनी साधना स्थली बनाई। श्री रूप गोस्वामी जी ने सेवाकुंज के अन्तर्गत यहीं भजन कुटी में वास करते थे।

आज मूल श्री राधादामोदर विग्रह जयपुर में विराजमान हैं। उनकी प्रतिमा विग्रह […]

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1408, 2017

Nidhivana Vrindavan

निधिवन वृन्दावन
कहा जाता है की निधिवन की सारी लताये गोपियाँ है। जो एक दूसरे कि बाहों में बाहें डाले खड़ी है जब आधी रात में निधिवन में राधा रानी जी, बिहारी जी के साथ रास लीला करती है। तो वहाँ की लता पताये गोपियाँ बन जाती है। और फिर रास लीला आरंभ होती है। इस रास लीला को कोई भी नहीं देख सकता। दिन भर में हजारों बंदर, पक्षी, जीव […]

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1408, 2017

Shri Krishna Janmashtami in 2017

Krishna Janmashtami in 2017 is on the Tuesday, 15th of Aug (8/15/2017).
इस बार जन्माष्टमी को लेकर लोगों में शंका हो रही है कि जन्माष्टमी 14 को मनाई जाए या 15 को तो मैं कुछ शास्त्र प्रमाणों के साथ बताने की कोशिश करता हूँ जिस से कि आप का भ्रम दूर हो जाए

अग्नि पुराण में लिखा है कि
वर्जनीया प्रयत्नेन सप्तमीसंयुताष्टमी|
विना ऋक्षेण कर्तव्या नवमी संयुताष्टमी|
अथवा जिस दिन सप्तमी में सूर्योदय हो […]

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608, 2017

Govind Devji Temple

गोविन्द देव जी मंदिर
गोविन्द देव जी मंदिर वृंदावन का निर्माण ई. 1590 (सं.1647) में हुआ। यह मदिर श्री रूप गोस्वामी और सनातन गुरु, श्री कल्यानदास जी के देख रेख में हुआ। श्री गोविन्द देव जी मंदिर का पूरा निर्माण का खर्च राजा श्री मानसिंह पुत्र राजा श्री भगवान दास, आमेर (जयपुर, राजस्थान) ने किया था। जब मुस्लिम सम्राट औरंगजेब ने इसे नष्ट करने की कोशिश की थी तब गोविंददेव जी […]

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1607, 2017

Shri Radha Rani Ji Ke Bare Mein Rochak Jankari

श्री राधारानी जी के बारे में रोचक जानकारी
राधारानी हिन्दू धर्म की देवी हैं। हिन्दू धर्म में भगवान श्री कृष्ण के साथ राधारानी जी का ही नाम लिया जाता है। कई लोग मानते हैं कि राधा जी श्री विष्णुजी की अर्धांगिनी देवी श्री लक्ष्मीजी का अवतार हैं। यह बात पद्म पुराण और भविष्यपुराण से जाहिर होती है। राधा-कृष्ण को शाश्वत प्रेम का प्रतीक माना जाता हैं। माना जाता है कि राधा-कृष्ण […]

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2805, 2017

Jeevan Ka Pratyek Chan Molyavan

जीवन का प्रत्येक क्षण मूल्यवान

यह घटना उस समय की है, जब मानव का जन्म भी नहीं हुआ था। विधाता जब सूनी पृथ्वी को देखते, तो उनको उसमे कुछ न कुछ कमी नजर आती थी और वह दिन-रात सोच में पड़े रहते थे। आखिरकार विधाता ने चंद्रमा से मुस्कान ली, गुलाब से सुगंध, अमृत से माधुरी, जल से शीतलता, अग्नि से तपिश और पृथ्वी से कठोरता और फिर मिट्टी का एक […]

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905, 2017

Yah Hai Ram Naam Ki Mahima

यह है राम नाम की महिमा

एक संत रास्ते पर राम का नाम जपते हुऐ जा रहे थे। चलते चलते राम धुन में वह इतना खो गये की वो घने जंगल में जा पहुँचे। जंगल मे बरगद के पेड के नीचे कुछ लोग मदमस्त होकर नाच रहे थे। संत को देख उनका मुखिया बोला रे मानव क्या तुझे अपने प्राणों का जरा सा भी मोह नहीं जो तु चला आया , […]

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2604, 2017

Charan Darshan of Thakur Shri Banke Bihari on Akshaya Tritiya

बोलो बाँके बिहारी लाल की जय

29 अप्रैल 2017 को ठाकुर श्री बाँके बिहारी जी महाराज के श्री चरण के दर्शन होंगे। सुबह में ठाकुर जी के श्री चरण के दर्शन होंगे और शाम को ठाकुर जी के सर्रवानग दर्शन होंगे शाम को ठाकुर जी केवल सानिया ( धोती ) पहनते है। आज के दिन ठाकुर जी के श्री चरण में चंदन का गोला बनाकर रखा जाता है ओर साथ ही […]

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1804, 2017

Mahaganapati

महागणपति
भगवान श्री गणेश जी के सभी आठ प्रमुख मंदिरों में से एक महागणपति जी का मंदिर भी है। यह मंदिर पुणे के रांजणगांव में स्थित है। श्री महागणपति जी का मंदिर पुणे अहमदनगर राजमार्ग पर 50 किलोमीटर की दूरी पर है। महागणपति जी मंदिर का इतिहास 9वीं व 10वीं सदी के बीच का जाना जाता है। महागणपति जी के मंदिर का प्रवेश द्वार कि बहुत विशाल और सुन्दर है। भगवान […]

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1404, 2017

Bhaav Se Vrat Upavaas Karo

भाव से व्रत-उपवास करो

एक राजा के आदेश पर उसकी सारी प्रजा एकादशी का व्रत रखती थी। राजा ने अपने राज्य में घोषणा करा रखी थी कि कोई भी व्यक्ति एकादशी के दिन भोजन नहीं करेगा। सभी को फलाहार करके रहना होगा। राज्य में बड़ा कठोर नियम लागू था। राजा के आदेश पर पशुओं को भी एकादशी को चारा नहीं दिया जाता था। वैसे राजा दुष्ट नहीं था। एक महात्मा ने […]

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2603, 2017

Aap Krpa Karake Mujhe Sansaar Bandhan Se Chhudao

आप कृपा करके मुझे संसार बन्धन से छुड़ाओ

किसी राजा ने संत कबीर जी से प्रार्थना की किः “आप कृपा करके मुझे संसार बन्धन से छुड़ाओ।”
कबीर जी ने कहाः “आप तो धार्मिक हो… हर रोज पंडित से कथा करवाते हो, सुनते हो…”
“हाँ महाराज ! कथा तो पंडित जी सुनाते हैं, विधि-विधान बताते हैं, लेकिन अभी तक मुझे भगवान के दर्शन नहीं हुए हैं… अपनी मुक्तता का अनुभव नहीं हुआ। आप […]

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2403, 2017

Navartri Ke Navami Din Mata Siddhidatri Roop Ki Pooja

नवरात्री के नवमी दिन माता सिद्धिदात्री रूप की पूजा

नवरात्री की नवमी दिन माता सिद्धिदात्री की पूजा विधि

सिद्धगन्धर्वयक्षाद्यैरसुरैरमरैरपि |
सेव्यमाना सदा भूयात् सिद्धिदा सिद्धिदायिनी ||

सिद्धिदात्री स्वरूप

नवरात्र-पूजन के नौवें दिन माँ सिद्धिदात्री की पूजा की जाती है। नवमी के दिन सभी सिद्धियों की प्राप्ति होती है। सिद्धियां हासिल करने के उद्देश्य से जो साधक भगवती सिद्धिदात्री की पूजा कर रहे हैं उन्हें नवमी के दिन इनका पूजन अवश्य करना चाहिए।

सिद्धि और मोक्ष […]

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2303, 2017

Bansuri Ki Dhun

बाँसुरी की धुन

इटली में मुसोलिनी के यहाँ भारत के प्रतिनिधि के रूप में ओंकारनाथ गये थे। मुसोलिनी ने उन्हें भोजन दिया। भोजन करते समय वार्तालाप के दौरान मुसोलिनी ने ओंकारनाथ से प्रश्न किया, “तुम्हारे भारत में ऐसा क्या है कि एक ग्वाला गायों के पीछे जाता है और बाँसुरी बजाता है तो लोग उसे देखकर आनन्दविभोर हो जाते हैं? भारत के लोग उसके गीत गाते नहीं थकते और प्रति […]

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1903, 2017

Adhura Kaam Ko Poora Karne Ke Liye Prabhu Khud Aa Jaate Hai

अधूरा काम को पूरा करने के लिए प्रभु खुद आ जाते है।

श्रीजयदेव जी भगवान श्रीकृष्ण के प्रेमी भक्त थे। आपके हृदय में श्रीकृष्ण प्रेम हिलोरें लेता रहता था। उसी प्रेम के ओत-प्रोत होकर आपने अमृत-रस के समान ‘गीत-गोविन्द’ नामक ग्रन्थ की रचना करनी प्रारम्भ की। ऐसे में एक दिन मान-प्रकरण में आप, स्वयं भगवान श्रीकृष्ण श्रीमती राधा – रानी के पैर पकड़ेंगे, इस बात को लिखने का साहस नहीं कर […]

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1603, 2017

Is Moolyavan Jeevan Ko Samajhe

इस मूल्यवान जीवन को समझे

एक हीरा व्यापारी था जो हीरे का बहुत बड़ा विशेषज्ञ माना जाता था। किन्तु गंभीर बीमारी के चलते अल्प आयु में ही उसकी मृत्यु हो गयी। अपने पीछे वह अपनी पत्नी और बेटा छोड़ गया। जब बेटा बड़ा हुआ तो उसकी माँ ने कहा – “बेटा , मरने से पहले तुम्हारे पिताजी ये पत्थर छोड़ गए थे , तुम इसे लेकर बाज़ार जाओ और इसकी कीमत […]

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